रिश्ते (दिल♥️ /दिमाग़🤔 )
'आपका दिल बहुत कीमती है
कोशिश करें इसमें वही रहे
जो रहने के काबिल हो'
कितनी सही लाइन्स हैं और शायद कोई बहुत दिमाग वाले पर्सन ने लिखी होंगी. पर क्या सच में हमें ऐसा करना चाहिए... रिश्ते निभाते हुए कैलकुलेशन करें की क्या हमारे लिए सही है और क्या गलत है... किस रिश्ते से हमें फायदा होगा और किस से नुकसान... हां यह बात शायद उनके लिए सही है जो रिश्ते निभाते हुए दिमाग का यूज करते हैं और अपने मतलब के लिए रिश्ते निभाते हैं.
पर जो रिश्ते दिल से निभाते हैं... वह बस रिश्ते निभाने में यकीन रखते हैं और पूरी शिद्दत से रिश्ते निभाते में यकीन रखते हैं फिर चाहे इसमें उनका ईगो हर्ट हो... उनकी self-respect को चोट पहुंचे... वो परवाह नहीं करते... वो सब कुछ लुटा कर बस पूरे दिल से रिश्ते निभाते में यकीन रखते हैं... और इसे निभाते हुए चाहे वह खाली हाथ रह जाए... वह परवाह नहीं करते.
वैसे आजकल जो लोग दिमाग से रिश्ते निभाते हैं वह ज्यादा खुश रहते हैं. पर पता नहीं क्यों मुझे ऐसा लगता कि रिश्ते निभाओ तो दिल से निभाओ.. दिमाग से तो व्यापार ही निभा लो.😌.. देखना अगर दिल से रिश्ता निभाओगे तो दिल से ही खुशी भी मिलेगी.
प्लीज आप लोग कमेंट के साथ जरूर बताइए की रिश्ते कैसे निभाने चाहिए... दिल से या दिमाग़ से.
'आपका दिल बहुत कीमती है
कोशिश करें इसमें वही रहे
जो रहने के काबिल हो'
कितनी सही लाइन्स हैं और शायद कोई बहुत दिमाग वाले पर्सन ने लिखी होंगी. पर क्या सच में हमें ऐसा करना चाहिए... रिश्ते निभाते हुए कैलकुलेशन करें की क्या हमारे लिए सही है और क्या गलत है... किस रिश्ते से हमें फायदा होगा और किस से नुकसान... हां यह बात शायद उनके लिए सही है जो रिश्ते निभाते हुए दिमाग का यूज करते हैं और अपने मतलब के लिए रिश्ते निभाते हैं.
पर जो रिश्ते दिल से निभाते हैं... वह बस रिश्ते निभाने में यकीन रखते हैं और पूरी शिद्दत से रिश्ते निभाते में यकीन रखते हैं फिर चाहे इसमें उनका ईगो हर्ट हो... उनकी self-respect को चोट पहुंचे... वो परवाह नहीं करते... वो सब कुछ लुटा कर बस पूरे दिल से रिश्ते निभाते में यकीन रखते हैं... और इसे निभाते हुए चाहे वह खाली हाथ रह जाए... वह परवाह नहीं करते.
वैसे आजकल जो लोग दिमाग से रिश्ते निभाते हैं वह ज्यादा खुश रहते हैं. पर पता नहीं क्यों मुझे ऐसा लगता कि रिश्ते निभाओ तो दिल से निभाओ.. दिमाग से तो व्यापार ही निभा लो.😌.. देखना अगर दिल से रिश्ता निभाओगे तो दिल से ही खुशी भी मिलेगी.
प्लीज आप लोग कमेंट के साथ जरूर बताइए की रिश्ते कैसे निभाने चाहिए... दिल से या दिमाग़ से.
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