राखी भाई-बहन के पवित्र बंधन का एक अनोखा सा त्यौहार I सब जानते हैँ इस दिन बहन अपने भाई की कलाई पर राखी बांधती है, और भाई उसकी सुरक्षा का वचन लेता है I भाई बचपन से ही फ़िर चाहे वह छोटा हो या बड़ा,बहन की हिफाजत में,उसकी सुरक्षा में हमेशा आगे रहता है और इसके लिए उसको कोई वचन नहीं दिलाना पड़ता, वो तो स्वतः ही अपने मन से ये काम करता है, मानो ये उस का फर्ज है,उसका कर्तव्य है I तो फिर क्यों यह राखी का पर्व मनाना I क्या भाई को याद दिलाना पड़ता है...नहीं, इस पर्व को मना भाई और बहन की एक दूसरे के प्रति जो मन में छिपी भावनाये हैँ,जो एहसास है, इस दिन उसका उन दोनों को मानो आभास होता है I आप भी किसी की बहन होंगी,किसी के भाई होंगे, एक बार अपने दिल पर हाथ रख कर बताना,क्या नहीं होता इस दिन एक सुखद अनुभूति, एक अलग एहसास I
होने को तो हर राखी ही यादगार होती है,पर मुझे मेरी बचपन की दो राखी बहुत ही यादगार हैँ I बचपन में हर भाई बहन की तरह मेरी और मेरे भाई की बहुत लड़ाई होती थी I राखी से एक-दो दिन पहले हम दोनों की लड़ाई हो गई, और हमारी बोलचाल बंद हो गई I मम्मी मामा के यहां राखी मनाने चली गई I राखी पर सुबह से हम दोनों अपने हठ में बैठे, पहल कौन करे I दोनों ही राखी मनाने के लिए बेकरार, पर बाल हठ और अहम रिश्तो के आड़े आ रहा, पहल कौन करे I बस यही दोनों के मन में चल रहा I दोपहर में पापा ने हम दोनों से कहा,
' राखी नहीं मनानी क्या ',
बस क्या था, हम तो जैसे इसी मौके की तलाश में बैठे थे I भाई ने झट से अपनी कलाई आगे कर दी और मैंने भी फटाफट उसके राखी बांध दी I उस समय हम दोनों के मन में जो भावनाओं का तूफान हिलोरे मार रहा था,उसको शायद ही कभी शब्दों में बांध पाऊं I
हमारा संयुक्त परिवार था, मेरी ताई जी के यहां एक आठ दस साल का छोटू नाम का लड़का बतौर सहायक काम करता था I उसकी मुझसे बहुत पटती थी I बहुत पटर पटर करता था I
राखी पर मैं मेरे इतने सारे भाइयों के राखी बांध रही, पर आज पटर पटर करने वाला वो छोटू चुपचाप सब देख रहा I मुझसे उसके चेहरे की उदासी और अकेलापन छुपा नहीं I, मैंने उसकी कलाई पर राखी बांध दी,एक पल को तो वह अचकचा गया,तभी उसको एहसास हुआ कि मुझे क्या तोहफा दे I मैंने उसको आंखों ही आंखों में आश्वस्त किया कि मुझे कुछ नहीं चाहिए I उसकी आंखें नम हो गई I वह बोला,
' दीदी मैं आपको कभी नहीं भूलूंगा 'I
आज इस बात को वर्षो हो गए, पता नहीं वह कहां है कैसा है,और शायद मुझे भूल भी गया हो,पर मैं उसको कभी नहीं भूलूंगी I
राखी पर यही दुआ हर भाई और बहन का प्यार सलामत रहे I
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